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15-20 वर्ष से पढ़ा रहे 80 हजार शिक्षकों को देनी होगी TET, सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बढ़ी चिंता

 Newsbaji  |  Jul 08, 2026 09:16 AM  | 
Last Updated : Jul 08, 2026 09:16 AM
शिक्षकों के सामने TET की चुनौती, 2028 तक परीक्षा पास करना अनिवार्य
शिक्षकों के सामने TET की चुनौती, 2028 तक परीक्षा पास करना अनिवार्य

रायपुर। छत्तीसगढ़ के करीब 80 हजार शिक्षकों के सामने अब शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) पास करने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। ये वे शिक्षक हैं, जिनकी नियुक्ति वर्ष 2001 से 2010 के बीच हुई थी और जो पिछले 15 से 20 वर्षों से प्राथमिक व मिडिल स्कूलों में पढ़ा रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अब इन सभी शिक्षकों के लिए 21 अगस्त 2028 तक TET उत्तीर्ण करना अनिवार्य हो गया है। समय-सीमा के भीतर परीक्षा पास नहीं करने पर उनकी नौकरी पर असर पड़ सकता है।

NCTE के नियमों के तहत अनिवार्य हुई TET
राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (NCTE) के नियमों के अनुसार 3 सितंबर 2001 से 23 अगस्त 2010 के बीच नियुक्त प्राथमिक और उच्च प्राथमिक (मिडिल) स्कूल शिक्षकों के लिए TET उत्तीर्ण करना आवश्यक है। इस मामले में लंबे समय तक कानूनी विवाद चला, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट कर दिया कि 2010 से पहले नियुक्त शिक्षकों को भी TET देना होगा। पुनर्विचार याचिका भी खारिज हो चुकी है।

हालांकि, कोर्ट ने शिक्षकों को राहत देते हुए परीक्षा पास करने की अंतिम तिथि 21 अगस्त 2027 से बढ़ाकर 21 अगस्त 2028 कर दी है।

50 वर्ष से अधिक उम्र के शिक्षकों के सामने मुश्किल
प्रदेश में बड़ी संख्या में ऐसे शिक्षक हैं, जिनकी उम्र 50 से 55 वर्ष के बीच है। लंबे समय से नियमित शिक्षण कार्य कर रहे इन शिक्षकों के लिए अब प्रतियोगी परीक्षा के नए पैटर्न और बदले हुए पाठ्यक्रम के अनुसार तैयारी करना आसान नहीं माना जा रहा है।

स्कूल संचालन, विद्यार्थियों के मूल्यांकन, प्रशासनिक कार्यों और अन्य जिम्मेदारियों के बीच पढ़ाई के लिए समय निकालना भी उनके सामने बड़ी चुनौती है।

शिक्षक संगठनों ने सरकार से मांगी सहायता
शिक्षक संगठनों का कहना है कि. वर्षों से सेवा दे रहे शिक्षकों को केवल परीक्षा के आधार पर असुरक्षा में नहीं रखा जाना चाहिए। उन्होंने सरकार से मांग की है कि प्रभावित शिक्षकों के लिए निःशुल्क कोचिंग, विशेष प्रशिक्षण, अध्ययन सामग्री और पर्याप्त संख्या में परीक्षा के अवसर उपलब्ध कराए जाएं, ताकि वे बिना अतिरिक्त दबाव के TET पास कर सकें।

शिक्षा विभाग के दिशा-निर्देश का इंतजार
शिक्षा विभाग की ओर से इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए जाने की संभावना है। फिलहाल प्रदेशभर के हजारों शिक्षक TET की तैयारी की योजना बना रहे हैं। आने वाले दो वर्ष उनके लिए बेहद अहम माने जा रहे हैं, क्योंकि इस परीक्षा का परिणाम उनके सेवा भविष्य से जुड़ा हुआ है।

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