रायगढ़। जिले में मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन आघात” के तहत रायगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। फिल्म ‘पुष्पा’ की तर्ज पर कार के दरवाजों और बैक लाइट में गुप्त चेंबर बनाकर ओड़िसा से 29 किलो गांजा ला रहे 2 तस्करों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान 17.65 लाख रुपए मूल्य का गांजा, कार और मोबाइल जब्त किए गए हैं, जबकि इस नेटवर्क के फरार सरगना की तलाश जारी है।
ऐसे हुआ खुलासा
SSP शशि मोहन सिंह को सूचना मिली थी कि, पत्थलगांव क्षेत्र से जुड़ा एक व्यक्ति ओड़िसा से गांजा लाकर रायगढ़ के रास्ते अन्य राज्यों में सप्लाई कर रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए, विशेष टीम गठित की गई। 1 मार्च 2026 की शाम पाकरगांव अटल चौक के पास घेराबंदी की गई। इसी दौरान चॉकलेट रंग की मारुति सुजुकी रिट्ज (CG-13-UG-9683) को रोकने का प्रयास किया गया। पुलिस को देखते ही आरोपी कच्चे रास्ते की ओर भागने लगे, लेकिन टीम ने सूझबूझ से घेराबंदी कर वाहन को रोक लिया।
फिल्मी’ स्टाइल में छुपाया था गांजा
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने तस्करी से इंकार किया, लेकिन सटीक सूचना के आधार पर वाहन की गहन तलाशी ली गई। जांच में कार के दरवाजों और बैक लाइट के अंदर बनाए गए विशेष गुप्त चेंबर से गांजा बरामद हुआ। श्रवण कुमार निषाद से 19.033 किलो गांजा (कीमत करीब 9.50 लाख रुपए), महेन्द्र प्रसाद चौहान से 10.082 किलो गांजा (कीमत करीब 5 लाख रुपए), इसके अलावा कार (करीब 3 लाख रुपए) और 2 मोबाइल फोन भी जब्त किए है।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि, रामकुमार कुजूर (निवासी महेशपुर, जिला जशपुर) ने उन्हें प्रति 10 किलो गांजा पर 10,000 रुपए देने का लालच दिया था। दोनों आरोपी उड़ीसा से गांजा लाकर उसे रामकुमार तक पहुंचाने जा रहे थे।
SSP शशि मोहन सिंह ने कहा कि, रायगढ़ जिले में मादक पदार्थों की तस्करी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस अवैध कारोबार से जुड़े हर व्यक्ति के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
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