रायपुर. ईडी की विशेष अदालत ने आखिरकार रानू साहू के रिमांड को लेकर फैसला सुना दिया है. कोर्ट ने उन्हें ज्यूडिशियल रिमांड पर 10 दिनों के लिए जेल भेजने का आदेश दिया है. यानी अब उन्हें 4 अगस्त तक जेल में ही बिताना होगा.
बता दें कि छत्तीसगढ़ में कथित तौर पर हुए कोयला घोटाले के मामले में प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी द्वारा गिरफ्तार की गईं आईएएस रानू साहू को आज ईडी की विशेष अदालत में पेश किया गया. यहां ईडी और रानू साहू के वकीलों ने विशेष न्यायाधीश अजय सिंह राजपूत के समक्ष तर्क प्रस्तुत किए. ईडी की ओर से जहां उन्हें रिमांड पर जेल भेजे जाने या फिर कस्टोडियल रिमांड बढ़ाने की मांग की गई.
उनका कहना था कि मामले में उनके खिलाफ काफी कुछ सबूत हैं. ऐसे में उनका बाहर रहना साक्ष्यों के सुरक्षित रहने को लेकर संशय पैदा करेगा. जबकि आईएएस रानू साहू के वकील का कहना था कि उन्हें बेवजह झूठे मामले में फंसाया गया है. ऐसे में उन्हें जमानत दी जाए. आखिरकार लंबी बहस के बाद कोर्ट ने रिमांड पर जेल भेजे जाने का आदेश जारी किया.
ये है मामला
ईडी की ओर से लगाए गए आरोपों के मुताबिक छत्तीसगढ़ की कोयला खदानों से कोयले के अवैध परिवहन व लेवी वसूल कर करोड़ों रुपये की बंदरबांट की गई है. इसमें उनका भी नाम है. बता दें कि इस मामले में पूर्व में कई गिरफ्तारियां हो चुकी हैं. जांच की आंच तत्कालीन रायगढ़ कलेक्टर आईएएस रानू साहू तक भी पहुंची थी.
तब ईडी ने उनके दफ्तर से लेकर निवास और उनके मायके स्थित निवास तक की जांच की गई थी. कई अहम दस्तावेज भी जब्त किए गए. उनकी जांच के बाद पिछले दिनों एक बार फिर से छापेमारी की गई. बाद में रानू साहू को ईडी के अफसरों ने हिरासत में ले लिया.
3 दिन का मिला था रिमांड
3 दिन पहले ईडी के अफसरों ने रायपुर की विशेष अदालत में आईएएस रानू साहू को पेश किया था. वहां पूछताछ के लिए कस्टोडियल रिमांड की मांग की गई. तब कोर्ट ने उन्हें 3 दिनों का रिमांड दिया था. इसकी मियाद आज मंगलवार को पूरी हो रही थी. ऐसे में उन्हें कोर्ट में पेश किया गया था.
दुर्ग में मक्के के खेत के बीच उग रही थी अफीम, 5-6 एकड़ में फैली अवैध खेती का भंडाफोड़
पुलिस पूछताछ के बाद बिगड़ी हालत, ग्रामीण की मौत से बवाल, हाईवे पर घंटों जाम
बिलासपुर-झारसुगुड़ा सेक्शन में चौथी लाइन कार्य, 30 मार्च से 11 अप्रैल तक कई ट्रेनें रद्द
Copyright © 2021 Newsbaji || Website Design by Ayodhya Webosoft